उत्तर प्रदेश – प्रदेश सरकार ने बीते दिनों में मथुरा, आगरा और बुलंदशहर जिलों में बड़े स्तर पर पुलिस प्रशासनिक फेरबदल कर एक बार फिर यह संकेत दिया है कि कानून व्यवस्था और प्रशासनिक सुचिता उसकी प्राथमिकताओं में शीर्ष पर हैं। इन तबादलों के जरिए सरकार ने साफ कर दिया है कि वह ज़मीनी स्तर पर बेहतर प्रशासन और सुरक्षा व्यवस्था को लेकर कोई कोताही नहीं बरतना चाहती।
मथुरा के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) शैलेश कुमार पांडेय को प्रमोशन देते हुए आगरा का पुलिस उप महानिरीक्षक (डीआईजी) बनाया गया है। उनके स्थान पर बुलंदशहर के एसएसपी श्लोक कुमार को मथुरा की कमान सौंपी गई है। इससे पहले मथुरा के जिलाधिकारी (डीएम) शैलेन्द्र कुमार सिंह को आगरा मंडल का मंडलायुक्त नियुक्त किया गया था।

इसी क्रम मेँ बुलंदशहर के जिलाधिकारी चंद्र प्रकाश सिंह को अब मथुरा का नया डीएम बनाया गया था। यानी, मथुरा में एक साथ डीएम और एसएसपी और मंडल स्तर पर कमिश्नर और डी आई जी दोनों की नियुक्तियों में बदलाव कर दिया गया । यह फैसला न सिर्फ प्रशासनिक दृष्टि से महत्वपूर्ण है, बल्कि इससे यह भी स्पष्ट होता है कि सरकार मथुरा जैसे संवेदनशील और धार्मिक दृष्टि से महत्वपूर्ण शहर में चुस्त-दुरुस्त व्यवस्था चाहती है। आपको बता दें कि बुलंद शहर डी एम पद पर तैनात रहे चंद्र प्रकाश सिंह और एसएसपी बुलंद शहर पद पर तैनात रहे श्लोक कुमार के बीच कार्य करने मेँ बेहतर ताल मेल है शायद यही कारण है जिससे दोनों कि तेनाती की गई, वही दूसरी तरफ तत्कालीन डी एम शैलेन्द्र कुमार सिंह को मंडलायुक्त आगरा बनाना और उनके साथ बेहतर तरीके से कार्य कर चुके एसएसपी मथुरा शैलेश कुमार पाण्डेय को डी आई जी आगरा बनाया गया है

गौरतलब है कि मथुरा में लगातार तीर्थ पर्यटन बढ़ रहा है और इसके साथ ही सुरक्षा चुनौतियाँ भी बढ़ी हैं। खासकर ब्रज क्षेत्र में धार्मिक आयोजनों, पर्वों और यात्राओं के दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालु एकत्र होते हैं, जिससे यातायात, सुरक्षा और व्यवस्था बनाए रखना एक बड़ी चुनौती बनता है।
ऐसे में सरकार ने अनुभवी और सख्त प्रशासकों को मथुरा की कमान सौंपकर यह संदेश दिया है कि अब व्यवस्था को और अधिक सशक्त और पारदर्शी बनाया जाएगा। डीएम चंद्र प्रकाश सिंह और नए एसएसपी श्लोक कुमार की टीम के साथ उम्मीद की जा रही है कि मथुरा में प्रशासनिक दक्षता और पुलिसिंग बेहतर होगी.

जानकारों की मानें तो जुगलबंदी, का यह फेरबदल सिर्फ एक नियमित प्रक्रिया नहीं, बल्कि रणनीतिक योजना का हिस्सा है, जिसके तहत योगी सरकार मथुरा, आगरा, और उसके आसपास के क्षेत्रों में विकास और सुरक्षा को संतुलित करने की दिशा में काम कर रही है।
पिछले कुछ समय से यूपी सरकार द्वारा लगातार प्रशासनिक अमले में तेजी से फेरबदल देखने को मिल रहे हैं। इससे पहले भी कई जिलों में डीएम और एसपी के स्तर पर बदलाव किए गए थे। यह कदम न सिर्फ बेहतर शासन व्यवस्था की ओर इशारा करता है, बल्कि जनता को यह भरोसा भी दिलाता है कि शासन-प्रशासन उनकी सुरक्षा और सुविधा के लिए सक्रिय है।
अब देखना होगा कि मथुरा में ये नई टीम आने वाले समय में किस तरह से अपने कार्यों से जनता का विश्वास अर्जित करती है और सरकार की मंशा को ज़मीन पर उतारती है।-( रिपोर्ट-गोपाल चतुर्वेदी )
